नई दिल्ली/दुबई: अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) को एक बड़ा झटका देते हुए स्पष्ट कर दिया है कि टी20 विश्व कप 2026 के मैचों के वेन्यू में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। बांग्लादेश ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अपने मैच भारत से बाहर शिफ्ट करने की गुहार लगाई थी, जिसे आईसीसी ने यह कहते हुए खारिज कर दिया कि उन्हें भारत में किसी भी प्रकार के ‘विश्वसनीय खतरे’ के कोई सबूत नहीं मिले हैं।
1. विवाद की शुरुआत: बांग्लादेश की मांग और डर
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने 4 जनवरी को एक आपातकालीन बैठक बुलाई थी। इस बैठक के बाद बोर्ड ने औपचारिक रूप से आईसीसी को एक ईमेल भेजा। इस ईमेल में मांग की गई थी कि बांग्लादेश के ग्रुप स्टेज के मैचों को भारत से किसी अन्य स्थान (संभवतः श्रीलंका या किसी तटस्थ देश) पर स्थानांतरित कर दिया जाए।

BCB का तर्क था:
- खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ की सुरक्षा सबसे ऊपर है।
- मौजूदा राजनीतिक और कूटनीतिक तनाव के बीच टीम की सुरक्षा को खतरा हो सकता है।
- प्रशंसकों और बोर्ड सदस्यों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं।
2. आईसीसी की ऑनलाइन बैठक और कड़ा रुख
मंगलवार को आईसीसी के शीर्ष अधिकारियों और बीसीबी के प्रतिनिधियों के बीच एक ऑनलाइन बैठक हुई। रिपोर्टों के अनुसार, आईसीसी ने इस बैठक में बहुत स्पष्ट लहजा अपनाया। आईसीसी ने कहा कि वे स्वतंत्र सुरक्षा एजेंसियों और भारत सरकार के सुरक्षा आकलन पर भरोसा करते हैं।
“हमारे पास ऐसी कोई जानकारी या खुफिया इनपुट नहीं है जो यह संकेत दे कि बांग्लादेशी टीम को भारत में कोई विशेष खतरा है। भारत ने हमेशा अंतरराष्ट्रीय टीमों को उच्चतम स्तर की सुरक्षा प्रदान की है।” – आईसीसी सूत्र (मीडिया रिपोर्टों के अनुसार)

3. ‘कोलकाता’ कनेक्शन और बांग्लादेश का शेड्यूल
दिलचस्प बात यह है कि बांग्लादेश के ग्रुप राउंड के 4 मैचों में से 3 मैच कोलकाता के ईडन गार्डन्स पर होने हैं और 1 मैच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम पर। कोलकाता को बांग्लादेश के लिए ‘होम ग्राउंड’ की तरह माना जाता रहा है क्योंकि वहां की भाषा और संस्कृति बांग्लादेश से काफी मिलती-जुलती है। इसके बावजूद, बीसीबी का वहां खेलने से कतराना विशेषज्ञों को हैरान कर रहा है।
4. क्या बांग्लादेश को गंवाने पड़ेंगे पॉइंट्स?
ईएसपीएनक्रिकइंफो की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि आईसीसी ने बीसीबी को कड़ी चेतावनी दी है। यदि बांग्लादेश की टीम निर्धारित शेड्यूल के अनुसार भारत नहीं आती है, तो उन्हें अपने मैचों के पॉइंट्स गंवाने होंगे (Walkover)। इसका मतलब यह होगा कि बांग्लादेश टूर्नामेंट से बाहर हो सकता है।
हालांकि, बीसीबी के अधिकारियों ने किसी भी ‘अल्टीमेटम’ मिलने की बात से इनकार किया है, लेकिन यह स्पष्ट है कि आईसीसी नियमों में किसी टीम के व्यक्तिगत अनुरोध पर वेन्यू बदलने का प्रावधान बेहद कठिन है।

5. भारत-बांग्लादेश क्रिकेट संबंधों पर असर
भारत और बांग्लादेश के बीच क्रिकेट संबंध पिछले कुछ समय से उतार-चढ़ाव भरे रहे हैं। हाल ही में भारत में खेली गई द्विपक्षीय सीरीज के दौरान भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। विशेषज्ञों का मानना है कि बीसीबी पर संभवतः वहां की आंतरिक राजनीति या कट्टरपंथी तत्वों का दबाव है, जिसके कारण वे भारत में खेलने से हिचकिचा रहे हैं।
6. सुरक्षा का सवाल: क्या भारत सुरक्षित है?
भारत ने हाल ही में 2023 वनडे विश्व कप का सफल आयोजन किया था, जिसमें पाकिस्तान जैसी टीम ने भी भारत के विभिन्न शहरों में मैच खेले थे। आईसीसी का मानना है कि यदि पाकिस्तान की टीम भारत में सुरक्षित रह सकती है, तो बांग्लादेश के लिए सुरक्षा कोई वास्तविक मुद्दा नहीं होना चाहिए।

7. आगे क्या होगा?
आईसीसी के इस फैसले के बाद अब गेंद बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के पाले में है। उनके पास दो ही रास्ते बचे हैं:
- आईसीसी के फैसले को स्वीकार करना: और अपनी टीम को भारत भेजना।
- टूर्नामेंट का बहिष्कार: जो न केवल बांग्लादेश की क्रिकेट छवि को नुकसान पहुंचाएगा, बल्कि आईसीसी उन पर भारी जुर्माना और प्रतिबंध भी लगा सकती है।
आईसीसी ने यह साफ कर दिया है कि खेल राजनीति और निराधार सुरक्षा चिंताओं से ऊपर है। 2026 का टी20 विश्व कप एक मेगा इवेंट है और इसके शेड्यूल में बदलाव करना ब्रॉडकास्टर्स, लॉजिस्टिक्स और अन्य हितधारकों के लिए एक दुःस्वप्न जैसा होगा। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या बीसीबी इस ‘करंट’ से उबरकर भारत आने की तैयारी करता है या विवाद को और तूल देता है।